Contact Us: 0532-246-5524,25, M: -9335140296 Email: [email protected]

वैश्विक वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट, 2019

Global Financial Stability Repor
  • वर्तमान परिप्रेक्ष्य
  • वैश्विक वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट (Global Financial Stability Report-GFSR) अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) की अर्द्धवार्षिक रिपोर्ट है, जो प्रतिवर्ष अप्रैल और अक्टूबर माह में जारी की जाती है।
  • यह रिपोर्ट वैश्विक वित्तीय बाजारों की स्थिरता और उभरते-बाजारों के वित्तपोषण का आकलन करती है और वर्ल्ड इकोनॉमिक आउटलुक द्वारा प्रस्तुत आर्थिक असंतुलन के वित्तीय प्रभाव को दर्शाती है।
  • रिपोर्ट विश्वभर के बाजारों का आकलन करने के अतिरिक्त केंद्रीय बैंकों, नीति-निर्माताओं और अन्य ऐसे लोगों के लिए सिफारिश जारी करती है, जो वैश्विक वित्तीय बाजारों की निगरानी करते हैं।
  • रिपोर्ट : अप्रैल, 2019
  • अप्रैल, 2019 की वैश्विक वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट (GFSR) में पाया गया है कि पिछली दो तिमाहियों में महत्वपूर्ण परिवर्तनशीलता के बावजूद भी वित्तीय परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं।
  • परिणामस्वरूप, कई आर्थिक रूप से महत्वपूर्ण देशों में संप्रभु, कॉर्पोरेट और गैर-बैंकिंग वित्तीय क्षेत्रों में वित्तीय कमजोरियां उत्पन्न हुई हैं, जिससे मध्यम अवधि के जोखिम बढ़ गए हैं।
  • रिपोर्ट में विशेष रूप से उन्नत अर्थव्यवस्थाओं में कॉर्पोरेट क्षेत्र के ऋण पर ध्यान केंद्रित करते हुए इन कमजोरियों का एक व्यापक मूल्यांकन प्रदान करने का प्रयास किया गया है।
  • यह रिपोर्ट यूरो क्षेत्र में संप्रभु वित्तीय संबंध, चीन के वित्तीय असंतुलन, उभरते बाजारों में अस्थिर पोर्टफोलियो प्रवाह और आवास बाजार के नकारात्मक जोखिम पर विशेष रूप से ध्यान केंद्रित करती है।
  • नवीनतम वैश्विक वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट में वित्तीय कमजोरियों को निर्धारित करने का उपाय बताया गया है, जिसमें 6 क्षेत्रों कॉर्पोरेट्स, परिवार, सरकार, बैंक, बीमा कंपनियां और अन्य वित्तीय संस्थानों को शामिल किया गया है।
  • निष्कर्ष
  • हालांकि वैश्विक वित्तीय स्थिरता के अल्पकालिक जोखिम अभी भी ऐतिहासिक मानकों से कम हैं, फिर भी वे अक्टूबर, 2018 की वैश्विक वित्तीय स्थिरता रिपोर्ट की तुलना में थोड़ा अधिक हैं।
  • यह रिपोर्ट नीति-निर्माताओं द्वारा उनकी मौद्रिक नीति में किसी भी परिवर्तन हेतु सिफारिश करती है। जिसमें मैक्रोप्रोडेंशियल टूल्स की तैनाती और विस्तार, सार्वजनिक और निजी क्षेत्र की बैलेंस शीट को दुरस्त करने के उपायों की ओर कदम बढ़ाना और विदेशी पोर्टफोलियो के बहिर्प्रवाह के लिए उभरते बाजार की लोचशीलता को मजबूती प्रदान करना शामिल है।
  • अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF)
  • 27 दिसंबर, 1945 को स्थापित अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) 189  देशों का संगठन है, जो वैश्विक मौद्रिक सहयोग को बढ़ावा देने, वित्तीय स्थिरता को सुरक्षित करने, अंतरराष्ट्रीय व्यापार की सुविधा, उच्च रोजगार और सतत आर्थिक विकास को बढ़ावा देने और गरीबी को कम करने के लिए विश्वभर में कार्य कर रहा है।
  • IMF का प्राथमिक उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय मौद्रिक प्रणाली की स्थिरता सुनिश्चित करना है- विनिमय दरों और अंतरराष्ट्रीय भुगतान की प्रणाली, जो देशों (और उनके नागरिकों) को एक-दूसरे के साथ लेन-देन करने में सक्षम बनाती है।
  • IMF अपने सदस्य देशों को आर्थिक एवं तकनीकी सहायता प्रदान करने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय विनिमय दरों को स्थिर रखने तथा आर्थिक विकास को सुगम बनाने में भी सहायता प्रदान करती है।
  • IMF का मुख्यालय वाशिंगटन डी.सी. (अमेरिका) में है।