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कंबोडिया में चुनाव

Elections in Cambodia
  • दक्षिण-पूर्व एशियाई देश कंबोडिया इन दिनों नेशनल असेंबली आम चुनाव में हुन सेन की जीत के कारण अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा के केंद्र में है। वर्ष 1975 से 1979 के ‘ख्मेर रूज’ (Khmer Rouge) के बर्बर शासन की समाप्ति के पश्चात वर्ष 1985 में हुन सेन कंबोडिया के प्रधानमंत्री बने। परंतु सही मायने में वर्ष 1993 में संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन के तहत कंबोडिया में लोकतांत्रिक चुनाव कराए गए, जिसमें हुन सेन प्रधानमंत्री के रूप में निर्वाचित हुए। वर्ष 1993 में संपन्न हुए चुनाव में हुन सेन पराजित हो गए लेकिन उन्होंने चुनाव परिणाम को स्वीकार करने से इंकार कर दिया। इसके बाद वे येन केन प्रकारेण प्रधानमंत्री प्रिंस ‘नोरोदम रानारिद्ध’ की सरकार में द्वितीय प्रधानमंत्री बनने में सफल रहे। लेकिन वर्ष 1997 में हुन ने सत्ता पर कब्जा कर लिया। इसके पश्चात अब तक संपन्न हुए सभी  चुनावों में हुन सेन ने सफलता पाई और वे प्रधानमंत्री के रूप में निर्वाचित होते रहे।
  • वर्तमान संदर्भ
  • 29 जुलाई, 2018 को कंबोडिया में नेशनल असेंबली के आम चुनाव हुए जिसमें सत्तारूढ़ दल ‘कंबोडियन पीपुल्स पार्टी’ (सीपीपी) की जीत हुई।
  • परिणाम
  • कंबोडिया की राष्ट्रीय चुनाव समिति (National Election Committee) के अनुसार ‘कंबोडियन पीपुल्स पार्टी’ ने सभी 125 सीटों पर सफलता प्राप्त की।
  • चुनाव परिणाम के पश्चात हुन सेन कंबोडिया के प्रधानमंत्री बने रहेंगे।
  • इस चुनाव में हुन सेन की पार्टी ने लगभग 77.5% मत प्राप्त किया।




  • हुन सेन ने कांदल (Kandal) क्षेत्र से चुनाव जीता।
  • विवाद
  • कंबोडिया का यह आम चुनाव विवादों से भरा था। इस चुनाव में देश की प्रमुख विपक्षी पार्टी ‘कंबोडियन नेशनल रेस्क्यू पार्टी’ (सीएनआरपी) ने लोगों से चुनाव का बहिष्कार करने की अपील की।
  • देश के सर्वोच्च न्यायालय ने वर्ष 2017 में सीएनआरपी पर सरकार को सत्ता से उखाड़ फेंकने के लिए विदेशी लोगों के साथ षड्यंत्र रचने का आरोप लगाकर प्रतिबंध लगा दिया था।




  • ऐसी स्थिति में बिना किसी मजबूत विपक्षी पार्टी के यह आम चुनाव हुआ, जिसमें हुन सेन की जीत चुनाव पूर्व ही सुनिश्चित थी।
  • अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया
  • अंतरराष्ट्रीय जगत में कंबोडिया में हुए इस आम चुनाव की आलोचना की जा रही है तथा ‘सीपीपी’ पर चुनाव में धांधली किए जाने का आरोप लगाया जा रहा है।
  • ह्यूमन राइट वाच, संयुक्त राज्य अमेरिका और यूरोपीय संघ ने चुनाव की वैधता पर सवाल उठाए हैं।
  • संयुक्त राज्य अमेरिका ने कंबोडियाई सरकार के मंत्रियों पर वीजा प्रतिबंध लगाने की बात कही है। वहीं यूरोपीय यूनियन ने भी कंबोडिया पर कड़े आर्थिक प्रतिबंध लगाने की बात कही है।
  • कंबोडिया
  • दक्षिण-पूर्व एशिया में अवस्थित देश जिसे आधिकारिक रूप से ‘किंगडम ऑफ कंबोडिया’ के नाम से जाना जाता है।
  • यहां संवैधानिक राजतंत्र है तथा राष्ट्र का प्रमुख राजा है। वर्तमान में नोरोदम शिहामोनी (Norodom Sihamoni) कंबोडिया के राजा हैं।
  • राजधानी – नोमपेंह (Phnom Penh);
  • आधिकारिक भाषा – ख्मेर
  • आधिकारिक धर्म – बौद्ध
  • संसद – उच्च सदन (सीनेट) एवं निम्न सदन (नेशनल असेंबली)
  • मुद्रा – रियाल (Rial)




  • ‘ख्मेर रूज’, कंपूचिया (वर्तमान नाम कंबोडिया) कम्युनिस्ट पार्टी के अनुयायी थे, जिन्होंने वर्ष 1975 से 1979 तक कंबोडिया पर शासन किया था।
  • ‘ख्मेर रूज’ शासन के दौरान लगभग 20 लाख लोग भूख, अत्यधिक काम या मृत्युदंड के कारण मारे गए थे।
  • इस शासन के विरुद्ध जनवरी, 1979 में वियतनाम की सेना ने कंबोडिया पर हमला कर दिया एवं ख्मेर लड़ाकों को कंबोडिया से पलायन करने पर मजबूर कर दिया।
  • ख्मेर रूज शासन के दौरान कंबोडिया में पोल पोट (Pol Pot) के हाथों में सत्ता थी।

लेखक-ललिन्दर कुमार