Contact Us: 0532-246-5524,25, M: -9335140296 Email: [email protected]

इसरो : ग्राम संसाधन केंद्र

  • वर्तमान परिदृश्य
  • 7 फरवरी, 2018 तक भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (Isro) द्वारा 473 ग्राम संसाधन केंद्रों (VRC : Village resource centers)  की स्थापना की गई है।
  • महत्वपूर्ण तथ्य
  • 473 ग्राम संसाधन केंद्रों की स्थापना पर 18 करोड़ रुपये व्यय किए गए।
  • ग्रामीण क्षेत्रों के विकास के लिए उपग्रह प्रौद्योगिकी की क्षमता का प्रदर्शन करने हेतु ‘इसरो’ ने चयनित एनजीओ, ट्रस्टों एवं राज्य सरकार के विभागों के सहयोग से प्रायोगिक आधार पर ग्राम संसाधन केंद्रों की स्थापना की थी।
  • ग्राम संसाधन केंद्रों ने टेली-हेल्थ-केयर, टेली-एजुकेशन, प्राकृतिक संसाधनों की जानकारी, कृषि से संबंधित सलाह, ग्रामीण छात्रों के लिए कॅरियर मार्गदर्शन, कौशल विकास और व्यावसायिक प्रशिक्षण आदि जैसी विभिन्न अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी सक्षम सेवाएं प्रदान की हैं।
  • उल्लेखनीय है कि 18 अक्टूबर, 2004 को तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह ने इसरो और एमएस स्वामिनाथन रिसर्च फाउंडेशन (Mssre) द्वारा संयुक्त रूप से स्थापित ‘ग्राम संसाधन केंद्र’ परियोजना का उद्घाटन किया था।
  • परियोजना का उद्देश्य दूरदराज के गांवों में टेली-मेडिसीन, टेलीएजुकेशन और सुदूर संवेदन अनुप्रयोग जैसी एकल सेवाओं के लिए एकल खिड़की के माध्यम से डिजिटल कनक्टिविटी प्रदान करना है।’
  • ग्राम संसाधन केंद्रों ने जीविकोपार्जन में सहायता के लिए कृषि/बागवानी विकास, मत्स्य उद्योग विकास, पशुपालन विकास जल संसाधन, जागरूकता कार्यक्रम, महिला सशक्तीकरण, अनुपूरक शिक्षा, कंप्यूटर साक्षरता, लघु ऋण, लघु वित्त व्यवस्था, शिल्प विकास/व्यावसायिक प्रशिक्षण आदि से संबंधित कार्यक्रम आयोजित किए हैं।
  • ग्रामीण समुदायों के लिए ‘ग्राम संसाधन केंद्र’ पूरी तरह से ‘इंटरैक्टिव वीसैट’ (बहुत छोटा एपर्चर टर्मिनल) आधारित नेटवर्क है।
  • यह नेटवर्क इनसैट-3ए उपग्रह के विस्तारित सी-बैंड ट्रांसपोंडर में से एक का उपयोग करता है।

लेखक-नीरज ओझा